ओशो समकालीन लोगों के लिए ध्यान, जागरूकता, चेतना उपलब्ध कराने में एक क्रांति का प्रतिनिधित्व करते हैं। और उस सरल प्रस्ताव का भी जो स्वयं के जीवन के बदलाव के लिए है…

उनकी समझ है कि यदि आधुनिक पीढ़ी “मौन में बैठने” की कोशिश करेगी, तो उन्हें अपने भीतर का पागलपन दिखाई पड़ेगा। उनकी इस बात की पुष्टि कई वैज्ञानिक अध्ययन में हुई है, जिनमे लोगों के मौन शिविर जैसी जगहों में जाने से होने वाले बुरे असर को देखा गया है। ओशो यह भी कहते हैं कि अगर लोग विक्षिप्त नहीं हो रहे, तो केवल इसलिए कि वे पूरी ईमानदारी से मौन में नहीं बैठते।

ओशो कहते हैं कि, अगर हम अपने शारीर को “पागलों की तरह” गति दें – हमारे संगृहीत तनावों को व्यक्त और मुक्त करने के लिए – तो हमें पता चलता है कि हमारा केंद्र मौन है।

इसलिए ध्यान में पहला कदम ओशो सक्रिय ध्यान विधियां और ओशो इवनिंग मीटिंग हैं। एक बार जब हम शरीर और मन को, उसके विचारों और भावों समेत, देख पाने में कुशल हो जाते हैं, फिर इस कुशलता का प्रयोग हम अपने दैनिक जीवन में ला सकते हैं। फिर जो भी घट रहा है वह एक ध्यान का अनुभव बन सकता है। तुम मौन में बैठ सकते हो, मौन में चल सकते हो, मौन में काम कर सकते हो या मौन में खेल सकते हो, चाहे तुम अकेले हो या दूसरों के साथ। यह तुम्हारे हाथ में है।

जैसा की हम सभी पहले से जानते हैं कि सड़क के किनारे खड़े होकर कैसे यातायात के आवागमन को देखना है, ध्यान बस वही क्षमता है जो हम सब के पास पहले से है और इसे बस भीतर के यातायात के लिए लागू करना है।

दरअसल ओशो कहते हैं:

“एक ध्यान करने वाले को व्यक्तिगत मार्गदर्शन की आवश्यकता नहीं होती। इसके विपरीत ध्यानी को केवल एक चीज की आवश्यकता होती है: ध्यान का वातावरण। उसे दुसरे ध्यानियों की जरूरत है; उसे अन्य ध्यानी से घिरा होना चाहिए। क्योंकि जो कुछ भी हमारे भीतर घटित हो रहा है वह केवल हमारे भीतर ही नहीं हो रहा, उसका असर हमारे आस पास के लोगों पर भी पड़ता है। इस परिसर में लोग ध्यान के अलग अलग चरणों पर हैं। इन लोगों के साथ ध्यान करना, बस इनके साथ मौन में बैठना, और तुम खींचते ही चले जाओगे, अधिक और अधिक अपनी आतंरिक संभावना कि ओर।”

बिलकुल ऐसा ही वातावरण आपको मिलेगा ओशो इंटरनेशनल मैडिटेशन रिसॉर्ट में। और यदि आपको लगता कि किन्ही व्यक्तिगत मानसिक मुद्दों के कारण आप अटके हुए हैं जो आपके ध्यान में बाधा खड़ी करते हैं तो उनसे निपटने में सहायता के लिए यहां ओशो मल्टीवर्सिटी में कोर्सेस, सेशंस और क्लासेस उपलब्ध हैं।